स्कूल के मैदान में योग सत्र में बैठे दून ग्लोबल स्कूल के विद्यार्थी

परीक्षा के तनाव से कैसे बचें?

3 अक्टूबर 2026
Teacher Voices
लेखिका: रूबी त्यागी
पढ़ने का समय: 5 मिनट
स्कूल के मैदान में योग सत्र में बैठे दून ग्लोबल स्कूल के विद्यार्थी
संक्षेप में

परीक्षा के तनाव को सकारात्मक सोच और क्रमबद्ध योजना से कम किया जा सकता है। समय-सारणी बनाएं, छोटे-छोटे दैनिक लक्ष्य तय करें, पर्याप्त नींद लें, पौष्टिक भोजन करें और दिन में कम से कम 45 मिनट शारीरिक गतिविधि करें। 45-50 मिनट पढ़ने के बाद 5 से 10 मिनट का विराम लें और दूसरों से तुलना न करें।

परीक्षा शिक्षण पद्धति का एक मुख्य अंग है। अच्छे अंक लाने का दबाव विद्यार्थियों को कई बार तनाव में डाल सकता है। सकारात्मक सोच और क्रमबद्ध योजना के माध्यम से इस तनाव को कम किया जा सकता है।

लेखिका: रूबी त्यागी, दून ग्लोबल स्कूल। यह लेख हमारी Teacher Voices शृंखला का हिस्सा है, जिसमें DGS के शिक्षक कक्षा और उसके बाहर के अपने अनुभव साझा करते हैं। हमारे शिक्षकों से मिलें।

परीक्षा के तनाव के कारण

परीक्षा से पहले और परीक्षा के समय तनाव के कुछ मुख्य कारण हो सकते हैं, जैसे:

  1. आत्मविश्वास की कमी
  2. अच्छे अंक लाने का दबाव
  3. योजना की कमी
  4. असफल होने का डर

परीक्षा के तनाव को कम कैसे करें?

1. समय-सारणी

हमें समय के साथ चलना है, समय हमारे साथ नहीं चल सकता।

परीक्षा के तनाव को कम करने के लिए सबसे पहले समय का सदुपयोग करना आवश्यक है। इसके लिए प्रत्येक विद्यार्थी को समय-सारणी बनानी चाहिए और प्रत्येक विषय के लिए पर्याप्त समय निर्धारित करना चाहिए। दृढ़ निश्चय के साथ अपने लक्ष्य की ओर बढ़ने का पहला कदम समय-सारणी से शुरू होता है।

2. लक्ष्य

लक्ष्य को पाने के लिए चील की दृष्टि होना अत्यंत आवश्यक है।

लक्ष्य पर नज़र, सफलता की ओर कदम।

प्रत्येक विद्यार्थी को अपना लक्ष्य निर्धारित करना चाहिए और उसके अनुरूप छोटे-छोटे दैनिक लक्ष्य तय करके उन्हें पूरा करना चाहिए। छोटे प्रयास ही बड़े लक्ष्य की ओर ले जाते हैं।

3. पर्याप्त नींद

स्वस्थ तन ही सकारात्मक मन का पहला पड़ाव है।

पर्याप्त नींद विद्यार्थी के लिए नितांत आवश्यक है। अच्छी और पर्याप्त नींद न केवल हमारे शरीर को आराम देती है, बल्कि हमारे मस्तिष्क को भी पढ़ाई के लिए तैयार करती है। इसलिए परीक्षा के समय भी पर्याप्त नींद लेना बहुत जरूरी है।

4. सकारात्मक सोच

सकारात्मक सोच हमें हमेशा सकारात्मक रास्ते पर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती है। किसी भी लक्ष्य को प्राप्त करने से पहले हमारे भीतर सकारात्मक दृष्टिकोण होना आवश्यक है। हमें प्रतिदिन यह विश्वास रखना चाहिए कि “मैं यह कार्य आसानी से कर सकता/सकती हूँ और अपने लक्ष्य को प्राप्त कर सकता/सकती हूँ।”

जीवन में बदलाव परिस्थितियों से नहीं, हमारी सकारात्मक सोच से आता है।

5. भोजन

परीक्षा के तनाव को कम करने में विद्यार्थी के जीवन में भोजन की भी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। समय पर भोजन करना और स्वस्थ एवं पौष्टिक आहार लेना बेहद आवश्यक है। पौष्टिक आहार स्वस्थ मन और स्वस्थ तन, दोनों के निर्माण में सहायक होता है।

6. शारीरिक गतिविधि

दिन में कम से कम पैंतालीस मिनट शारीरिक गतिविधि को देना परीक्षा के तनाव को कम कर सकता है। शारीरिक गतिविधि, योगा, चहलकदमी व मध्यम आवाज में संगीत भी मन को तंदुरुस्त बनाते हैं।

7. पोमोडोरो तकनीक का प्रयोग करें

निरंतर पढ़ाई करने से हमारा दिमाग सुस्त और थकान महसूस करता है। थकान का दबाव हमारे मस्तिष्क पर न हो, उसके लिए हमें 45-50 मिनट पढ़ाई करने के बाद 5 से 10 मिनट का विराम लेना है। इस विराम में टहलें, पानी पिएं या हल्की स्ट्रेचिंग करें।

8. दूसरों से तुलना करने से बचें

अपने लक्ष्य के प्रति अडिग रहें। दूसरा क्या कर रहा है? किसी दूसरे ने कितनी पढ़ाई कर ली? ये बातें सिर्फ तनाव दे सकती हैं। प्रत्येक व्यक्ति की सीखने और समझने की क्षमता पूर्णतः भिन्न होती है। उस पर ध्यान देने की अपेक्षा अपनी पढ़ाई, अपने स्वास्थ्य, अपने मानसिक संतुलन और अपनी दिनचर्या पर ध्यान देना आवश्यक है।

अडिग रह तू लक्ष्य पर, ना परिणाम से तू डर,
धीमे-धीमे कदमों से इस राह को तू पार कर।
अब नहीं, तो कल सही, मंजिल मिल ही जाएगी,
छोटी-छोटी मुश्किलों से ना मन को तू विचलित कर।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

परीक्षा के तनाव के मुख्य कारण क्या हैं?

आत्मविश्वास की कमी, अच्छे अंक लाने का दबाव, योजना की कमी और असफल होने का डर परीक्षा के तनाव के मुख्य कारण हैं।

परीक्षा का तनाव कैसे कम करें?

समय-सारणी बनाएं, छोटे-छोटे दैनिक लक्ष्य तय करें, पर्याप्त नींद लें, समय पर पौष्टिक भोजन करें, प्रतिदिन शारीरिक गतिविधि करें, सकारात्मक सोच रखें और दूसरों से तुलना करने से बचें।

पढ़ाई के बीच कितनी देर बाद विराम लेना चाहिए?

45-50 मिनट पढ़ाई करने के बाद 5 से 10 मिनट का विराम लें। इस विराम में टहलें, पानी पिएं या हल्की स्ट्रेचिंग करें, ताकि मस्तिष्क पर थकान का दबाव न हो।

क्या परीक्षा के समय भी पर्याप्त नींद लेना जरूरी है?

हाँ। अच्छी और पर्याप्त नींद शरीर को आराम देती है और मस्तिष्क को पढ़ाई के लिए तैयार करती है, इसलिए परीक्षा के समय भी पर्याप्त नींद लेना बहुत जरूरी है।

निष्कर्ष

परीक्षा शिक्षा-पद्धति का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, परंतु परीक्षा में सफल होने के लिए तनाव की आवश्यकता नहीं है। नियमित अभ्यास, समय-प्रबंधन, पर्याप्त नींद, पौष्टिक आहार, आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच के साथ हम परीक्षा के भय और तनाव को कम कर सकते हैं तथा सफलता की ओर आगे बढ़ सकते हैं।

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